
संवाददाता अखिलेश विश्वकर्मा ✅ गढ़वा जिले के रमकंडा प्रखंड में दो समुदायों के बीच हुए विवाद के बाद गुरुवार को करीब छह घंटे तक चला धरना-प्रदर्शन आखिरकार प्रशासन के लिखित आश्वासन के बाद समाप्त हो गया।

हिन्दू समुदाय की प्रमुख मांगों को मानते हुए रमकंडा थाना प्रभारी सुरेन्द्र सिंह कुंटिया को हटाकर रवि पटेल को नया थाना प्रभारी बनाया गया। इसके साथ ही मुस्लिम समुदाय के आरोपियों की गिरफ्तारी और कार्रवाई का भी प्रशासन ने आश्वासन दिया, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों ने सड़क जाम और धरना खत्म कर दिया।
क्या है पूरा मामला

बुधवार शाम बिचला टोला स्थित कौआखोह शिव चबूतरा के पास हिन्दू समुदाय के लोग महावीर पताका स्थापित करने के लिए डीजे के साथ पहुंचे थे। पूजा के बाद जब वे लौट रहे थे, तभी दूसरे समुदाय के कुछ लोगों ने डीजे बंद कराने का प्रयास किया और विवादित नारेबाजी शुरू हो गई।
इस घटना के बाद माहौल तनावपूर्ण हो गया और दोनों पक्षों के लोग आमने-सामने आ गए। देखते ही देखते नारेबाजी और झड़प की स्थिति बन गई। हालांकि मौके पर पहुंची पुलिस ने किसी तरह स्थिति को नियंत्रित कर लिया।
अगले दिन सड़क जाम
घटना से आक्रोशित हिन्दू समुदाय के लोगों ने गुरुवार सुबह बैठक कर अपनी मांगों को लेकर सड़क जाम कर दिया और धरना पर बैठ गए।

मामले की गंभीरता को देखते हुए अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी रोहित रंजन सिंह और नीरज कुमार, रंका इंस्पेक्टर अभिजीत गौतम मिश्रा समेत चार थानों की पुलिस और भारी संख्या में जवान मौके पर तैनात किए गए।
वार्ता के बाद समाधान
करीब छह घंटे तक प्रशासन और प्रदर्शनकारियों के बीच वार्ता चली। अंततः लिखित आश्वासन मिलने के बाद प्रदर्शनकारियों ने धरना और जाम समाप्त कर दिया।
थाना प्रभारी पर था आक्रोश
धरना के दौरान ग्रामीणों ने थाना प्रभारी सुरेन्द्र सिंह कुंटिया की कार्यप्रणाली पर गंभीर आरोप लगाए और उन्हें तत्काल हटाने की मांग पर अड़े रहे।
प्रशासन द्वारा उनकी मांग मान लेने के बाद ही स्थिति सामान्य हो सकी।
फिलहाल क्षेत्र में पुलिस बल तैनात है और स्थिति नियंत्रण में बताई जा रही है।

